फ्रैंकलिन डेलानो रूज़वेल्ट (Franklin Delano Roosevelt, 1882–1945) का जन्म 30/1/1882 को 20:45 बजे संयुक्त राज्य अमेरिका हाइड पार्क, न्यूयॉर्क में हुआ था। जन्म संबंधी जानकारी के अनुसार बा ज़ी के चार स्तंभ “辛巳 (शिन सी), 辛丑 (शिन चोउ), 己巳 (जी सी), 甲戌 (जिया शू)” हैं; दिवस स्वामी 己 (जी) पृथ्वी और उसकी शक्ति का आकलन प्रबल है; ज़ी वेई डोउ शू में जीवन महल की शाखा 卯 (माओ), प्रमुख तारों का विवरण जीवन महल में स्थित प्रमुख तारे: स्वर्गीय तंत्र (तियान जी), विशाल द्वार (जू मेन) और पंचतत्व वर्ग काष्ठ वर्ग 3 है; पाश्चात्य ज्योतिष में सूर्य कुंभ, चंद्रमा कर्क और लग्न कन्या है। जीवन की प्रमुख घटनाओं से तुलना: वर्ष 1936: अमेरिकी इतिहास की सबसे बड़ी जीतों में से एक के अंतर से दोबारा राष्ट्रपति चुने जाते हैं।; उस वर्ष क्षेत्र करियर और सामाजिक प्रतिष्ठा में 92 अंक थे और कुंडली का संकेत भी शुभ था; वर्ष 1920: उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार के रूप में राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार के साथ चुनाव लड़ते हैं; क्षेत्र करियर और सामाजिक प्रतिष्ठा में केवल 23 अंक थे। नीचे इस पुरुष के जीवन की 10 प्रमुख घटनाओं को जन्म-कुंडलियों से वर्ष-दर-वर्ष मिलाकर देखा गया है, ताकि समझा जा सके कि पूर्वी भाग्य-विद्या और पाश्चात्य ज्योतिष इन घटनाओं की कैसी व्याख्या करते हैं।
जन्म विवरण
जन्म का समय
30/1/1882 20:45 (स्थानीय समय)
जन्म स्थान
स्थान: हाइड पार्क, न्यूयॉर्क; देश: संयुक्त राज्य अमेरिका (उत्तरी अक्षांश 41.78°, पश्चिमी देशांतर 73.93°)
डेटा स्रोत
Open Gauquelin Database(roosevelt-franklin-delano-1882-01-30); जन्म प्रमाणपत्र में दर्ज जन्म समय के अनुसार (CC BY-SA 4.0)
मृत्यु का वर्ष
1945-04-12
बा ज़ी के चार स्तंभ
वर्ष स्तंभ辛巳शिन सी
मास स्तंभ辛丑शिन चोउ
दिवस स्तंभ己巳जी सी
घंटा स्तंभ甲戌जिया शू
दिवस स्वामी: 己 (जी); तत्व: पृथ्वी (जैसे धरती वस्तुओं को सहारा देकर सँजोती है); प्रबलता का स्तर: प्रबल; अनुकूल और उपयोगी पंचतत्व: धातु (जैसे धातु संकुचित होकर दृढ़ रहती है), जल (जैसे बहता पानी लचीले ढंग से आगे बढ़ता और भीतर समाता है), काष्ठ (जैसे पेड़ ऊपर की ओर बढ़ते हैं)।
ज़ी वेई डोउ शू
जीवन महल का स्थान 卯 (माओ) है; विवरण: प्रमुख तारे स्वर्गीय तंत्र (तियान जी), विशाल द्वार (जू मेन)। शरीर महल का स्थान: धन; पंचतत्व वर्ग: काष्ठ वर्ग 3। जन्म-वर्ष के चार रूपांतरण: तारा: विशाल द्वार (जू मेन); रूपांतरण: हुआ लू (समृद्धि रूपांतरण); जिस महल में प्रवेश होता है: जीवन, तारा: सूर्य (ताई यांग); रूपांतरण: हुआ छ्वान (अधिकार रूपांतरण); जिस महल में प्रवेश होता है: जीवनसाथी, तारा: कला तारा (वेन चू); रूपांतरण: हुआ के (प्रतिष्ठा रूपांतरण); जिस महल में प्रवेश होता है: भाई-बहन, तारा: साहित्य तारा (वेन चांग); रूपांतरण: हुआ जी (प्रतिकूल रूपांतरण); जिस महल में प्रवेश होता है: संतान।
पाश्चात्य ज्योतिष की जन्म-कुंडली
लग्न राशि
कन्या
सूर्य
राशि: कुंभ; भाव संख्या: 6
चंद्रमा
राशि: कर्क; भाव संख्या: 11
बुध
राशि: कुंभ; भाव संख्या: 6
शुक्र
राशि: कुंभ; भाव संख्या: 6
मंगल
राशि: मिथुन; भाव संख्या: 10
बृहस्पति
राशि: वृषभ; भाव संख्या: 9
शनि
राशि: वृषभ; भाव संख्या: 9
भावों की गणना पूर्ण-राशि पद्धति (Whole Sign) से होती है (लग्न जिस राशि में हो, वही पहला भाव होता है)।
लग्न राशि: कन्या: कन्या लग्न की पहली छाप सूक्ष्मता और सुव्यवस्था की होती है; काम करने के तरीके और बारीकियों पर विशेष ध्यान रहता है।
सूर्य की राशि: कुंभ; भाव संख्या: 6: सूर्य मूल आत्म-पहचान और जीवन में अपनाए जाने वाले स्वरूप का प्रतीक है; इस स्थिति की पारंपरिक व्याख्या है: “जब सूर्य 6वें भाव में हो, तब आपकी मूल पहचान और जीवन-इच्छा दैनिक कार्य, स्वास्थ्य-आदतें, सेवा और नियमित अनुशासन के माध्यम से व्यक्त होती है। इससे आप स्पष्ट उद्देश्य और दृश्यमान आत्मविश्वास बनते हैं; आपका पाठ है कि यह याद रखना कि दिखाई देना लगातार स्वयं को सिद्ध करना नहीं है।”
चंद्रमा की राशि: कर्क; भाव संख्या: 11: चंद्रमा भावनाओं और भीतर की सुरक्षा की अनुभूति का प्रतीक है; इस स्थिति की पारंपरिक व्याख्या है: “जब चंद्रमा 11वें भाव में हो, तब आपकी भावनात्मक ज़रूरत और सुरक्षा-बोध मित्र, समुदाय, आदर्श, समूह-भावना और भविष्य-दृष्टि के माध्यम से व्यक्त होती है। इससे आप भावनाओं के प्रति संवेदनशील और सहज प्रतिक्रिया वाला बनते हैं; आपका पाठ है कि भावनाओं की देखभाल करना, पर मनोदशा को हर निर्णय पर हावी न होने देना।”
संपूर्ण जीवन के भाग्य का रेखा-चित्र
गहरी नीली रेखा = समग्र भाग्य; सुनहरी रेखा = करियर; पृष्ठभूमि के बारी-बारी से गहरे और हल्के भाग = दस-वर्षीय भाग्य चक्र (मुख्य अवधियाँ); गोल बिंदु = जीवन की प्रमुख घटनाएँ (हरा = अच्छी घटना, लाल = असफलता, नारंगी = महत्वपूर्ण मोड़)। अंक इस वेबसाइट की संयुक्त गणना (ज़ी वेई डोउ शू + बा ज़ी) पर आधारित हैं और केवल भाग्य-विवेचन की सांस्कृतिक तुलना के लिए हैं।
जीवन की प्रमुख घटनाओं और जन्म-कुंडलियों की तुलना
1903 (21 वर्ष की आयु): तीन वर्षों में हार्वर्ड विश्वविद्यालय से स्नातक होते हैं; उसी वर्ष दूर की रिश्तेदार और उम्र में छोटी कज़िन एलेनोर को विवाह का प्रस्ताव देते हैं।
बा ज़ी: दस-वर्षीय भाग्य चक्र: 戊戌 (वू शू); वार्षिक भाग्य: 癸卯 (गुई माओ)। इस वर्ष क्षेत्र: अध्ययन; अंक: 54 (समग्र: 73)।
जन्म-कुंडली के संकेत: 〔शुभ〕स्थान स्वर्गीय तना (वार्षिक भाग्य) पर अप्रत्यक्ष धन: पुरुष की जन्म-कुंडली में पत्नी का संकेत देने वाला तारा स्पष्ट रूप से प्रकट होता है; पारंपरिक व्याख्या में इसे विपरीत लिंग के लोगों के साथ जुड़ाव का संकेत माना जाता है।; 〔शुभ〕वार्षिक भाग्य में चंद्रमा (ताई यिन) पर मान-सम्मान देने वाला हुआ के प्रभाव आता है और यह जन्मकुंडली के दांपत्य महल में प्रवेश करता है। इससे विवाह और प्रेम-संबंध के क्षेत्र में पहचान और सहज प्रगति के संकेत मिलते हैं।।
पाश्चात्य ज्योतिष: बृहस्पति का गोचर — राशि: मीन; भाव: 7; शनि का गोचर — राशि: कुंभ; भाव: 6, जन्मकालीन सूर्य राशि से गोचर करते हुए।
जन्म-कुंडली के संकेत इस घटना की दिशा से मेल खाते हैं।
1905 (23 वर्ष की आयु): माँ के विरोध के बावजूद एलेनोर से विवाह करते हैं।
बा ज़ी: दस-वर्षीय भाग्य चक्र: 戊戌 (वू शू); वार्षिक भाग्य: 乙巳 (यी सी)। इस वर्ष क्षेत्र: विवाह और प्रेम-संबंध; अंक: 53 (समग्र: 65)।
जन्म-कुंडली के संकेत: 〔ध्यान दें〕वार्षिक भाग्य में चंद्रमा (ताई यिन) पर रुकावट से जुड़ा हुआ जी प्रभाव आता है और यह जन्मकुंडली के दांपत्य महल में प्रवेश करता है। इससे विवाह और प्रेम-संबंध के क्षेत्र में अड़चनें और उतार-चढ़ाव आ सकते हैं।; 〔शुभ〕वार्षिक भाग्य में स्वर्गीय तंत्र (तियान जी) हुआ लू के शुभ प्रभाव से जुड़कर उसी वार्षिक भाग्य के दांपत्य महल में प्रवेश करता है। यह विवाह और प्रेम-संबंध के क्षेत्र में सुखद घटनाओं और फायदे की संभावना दर्शाता है।।
पाश्चात्य ज्योतिष: बृहस्पति का गोचर — राशि: वृषभ; भाव: 9, इसी दौरान “बृहस्पति की वापसी” होती है (लगभग हर 12 वर्ष में एक बार; परंपरा में इसे विस्तार और नए अवसरों की शुरुआत माना जाता है); शनि का गोचर — राशि: मीन; भाव: 7।
जन्म-कुंडली के संकेत इस घटना की दिशा से पूरी तरह मेल नहीं खाते—ज्योतिषीय व्याख्या सांस्कृतिक दृष्टिकोण से की गई तुलना है; जीवन के व्यक्तिगत निर्णय और उस समय की परिस्थितियाँ भी उतनी ही महत्त्वपूर्ण हैं।
1910 (28 वर्ष की आयु): न्यूयॉर्क राज्य की सीनेट के सदस्य चुने जाते हैं।
बा ज़ी: दस-वर्षीय भाग्य चक्र: 戊戌 (वू शू); वार्षिक भाग्य: 庚戌 (गंग शू)। इस वर्ष क्षेत्र: करियर और सामाजिक प्रतिष्ठा; अंक: 40 (समग्र: 50)।
जन्म-कुंडली के संकेत: 〔ध्यान दें〕वार्षिक भाग्य के स्वर्गीय तना स्थान पर शांग गुआन (अधिकारी शक्ति से टकराने वाला तत्त्व) आता है। झेंग गुआन से इसका विरोध वरिष्ठ लोगों के साथ मतभेद का संकेत माना जाता है।; 〔शुभ〕वार्षिक भाग्य में हुआ लू का शुभ प्रभाव जन्मकुंडली के कर्म भाव से जुड़ी तीन दिशाओं तक पहुँचता है। इससे करियर और पेशेवर स्थिति के क्षेत्र में अच्छी घटनाओं और लाभ के संकेत मिलते हैं।।
पाश्चात्य ज्योतिष: बृहस्पति का गोचर — राशि: तुला; भाव: 2; शनि का गोचर — राशि: वृषभ; भाव: 9, इसी दौरान “शनि की वापसी” होती है (लगभग हर 29 वर्ष में एक बार; परंपरा में इसे परीक्षाओं और परिपक्वता से जुड़ा मोड़ माना जाता है)।
जन्म-कुंडली के संकेत इस घटना की दिशा से पूरी तरह मेल नहीं खाते—ज्योतिषीय व्याख्या सांस्कृतिक दृष्टिकोण से की गई तुलना है; जीवन के व्यक्तिगत निर्णय और उस समय की परिस्थितियाँ भी उतनी ही महत्त्वपूर्ण हैं।
1913 (31 वर्ष की आयु): विल्सन प्रशासन में नौसेना के सहायक सचिव का पद संभालते हैं।
बा ज़ी: दस-वर्षीय भाग्य चक्र: 丁酉 (डिंग यो); वार्षिक भाग्य: 癸丑 (गुई चोउ)। इस वर्ष क्षेत्र: करियर और सामाजिक प्रतिष्ठा; अंक: 83 (समग्र: 82)।
जन्म-कुंडली के संकेत: 〔शुभ〕वार्षिक भाग्य में विशाल द्वार (जू मेन) को अधिकार देने वाला हुआ क्वान प्रभाव मिलता है और यह जन्मकुंडली के जीवन महल में प्रवेश करता है। इससे करियर और पेशेवर स्थिति के क्षेत्र में निर्णय लेने और नेतृत्व करने की क्षमता बढ़ सकती है।; 〔शुभ〕वार्षिक भाग्य में चंद्रमा (ताई यिन) हुआ के प्रभाव के साथ उसी वार्षिक भाग्य के जीवन महल में प्रवेश करता है। यह करियर और पेशेवर स्थिति के क्षेत्र में अच्छी प्रतिष्ठा और अनुकूल प्रगति की संभावना दर्शाता है।।
पाश्चात्य ज्योतिष: बृहस्पति का गोचर — राशि: मकर; भाव: 5; शनि का गोचर — राशि: मिथुन; भाव: 10।
जन्म-कुंडली के संकेत इस घटना की दिशा से मेल खाते हैं।
1920 (38 वर्ष की आयु): उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार के रूप में राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार के साथ चुनाव लड़ते हैं, लेकिन हार जाते हैं।
बा ज़ी: दस-वर्षीय भाग्य चक्र: 丁酉 (डिंग यो); वार्षिक भाग्य: 庚申 (गंग शेन)। इस वर्ष क्षेत्र: करियर और सामाजिक प्रतिष्ठा; अंक: 23 (समग्र: 58)।
जन्म-कुंडली के संकेत: 〔ध्यान दें〕वार्षिक भाग्य के स्वर्गीय तना स्थान पर शांग गुआन (अधिकारी शक्ति से टकराने वाला तत्त्व) आता है। झेंग गुआन से इसका विरोध वरिष्ठ लोगों के साथ मतभेद का संकेत माना जाता है।; 〔ध्यान दें〕वार्षिक भाग्य के पृथ्वी शाखा की प्रमुख ऊर्जा स्थान पर शांग गुआन (अधिकारी शक्ति से टकराने वाला तत्त्व) आता है। झेंग गुआन से इसका विरोध वरिष्ठ लोगों के साथ मतभेद का संकेत माना जाता है।।
पाश्चात्य ज्योतिष: बृहस्पति का गोचर — राशि: सिंह; भाव: 12; शनि का गोचर — राशि: कन्या; भाव: 1।
जन्म-कुंडली के संकेत इस घटना की दिशा से मेल खाते हैं।
1928 (46 वर्ष की आयु): पत्नी के प्रोत्साहन से राजनीति में लौटते हैं और न्यूयॉर्क राज्य के गवर्नर चुने जाते हैं।
बा ज़ी: दस-वर्षीय भाग्य चक्र: 丙申 (बिंग शेन); वार्षिक भाग्य: 戊辰 (वू चेन)। इस वर्ष क्षेत्र: करियर और सामाजिक प्रतिष्ठा; अंक: 24 (समग्र: 51)।
जन्म-कुंडली के संकेत: 〔ध्यान दें〕वार्षिक भाग्य में स्वर्गीय तंत्र (तियान जी) पर रुकावट से जुड़ा हुआ जी प्रभाव आता है और यह जन्मकुंडली के जीवन महल में प्रवेश करता है। इससे करियर और पेशेवर स्थिति के क्षेत्र में अड़चनें और उतार-चढ़ाव आ सकते हैं।; 〔ध्यान दें〕दिन-स्वामी 己 की वार्षिक भाग्य शाखा 辰 में 'क्षय' अवस्था बनती है, जिसका अर्थ प्रभाव और शक्ति का धीरे-धीरे कमजोर पड़ना है।।
पाश्चात्य ज्योतिष: बृहस्पति का गोचर — राशि: वृषभ; भाव: 9, इसी दौरान “बृहस्पति की वापसी” होती है (लगभग हर 12 वर्ष में एक बार; परंपरा में इसे विस्तार और नए अवसरों की शुरुआत माना जाता है); शनि का गोचर — राशि: धनु; भाव: 4।
जन्म-कुंडली के संकेत इस घटना की दिशा से पूरी तरह मेल नहीं खाते—ज्योतिषीय व्याख्या सांस्कृतिक दृष्टिकोण से की गई तुलना है; जीवन के व्यक्तिगत निर्णय और उस समय की परिस्थितियाँ भी उतनी ही महत्त्वपूर्ण हैं।
1932 (50 वर्ष की आयु): हूवर को भारी अंतर से हराकर संयुक्त राज्य अमेरिका के राष्ट्रपति चुने जाते हैं।
बा ज़ी: दस-वर्षीय भाग्य चक्र: 丙申 (बिंग शेन); वार्षिक भाग्य: 壬申 (रेन शेन)। इस वर्ष क्षेत्र: करियर और सामाजिक प्रतिष्ठा; अंक: 71 (समग्र: 86)।
जन्म-कुंडली के संकेत: 〔शुभ〕वार्षिक भाग्य में बायाँ सहायक (ज़ुओ फू) पर मान-सम्मान देने वाला हुआ के प्रभाव आता है और यह जन्मकुंडली के जीवन महल में प्रवेश करता है। इससे करियर और पेशेवर स्थिति के क्षेत्र में पहचान और सहज प्रगति के संकेत मिलते हैं।; 〔ध्यान दें〕वार्षिक भाग्य में सैन्य गीत (वू क्यू) हुआ जी प्रभाव के साथ उसी वार्षिक भाग्य के कर्म भाव में प्रवेश करता है। यह करियर और पेशेवर स्थिति के क्षेत्र में काम अटकने या रास्ते में बाधाएँ आने का संकेत है।।
पाश्चात्य ज्योतिष: बृहस्पति का गोचर — राशि: सिंह; भाव: 12; शनि का गोचर — राशि: कुंभ; भाव: 6, जन्मकालीन सूर्य राशि से गोचर करते हुए।
जन्म-कुंडली के संकेत इस घटना की दिशा से मेल खाते हैं।
1936 (54 वर्ष की आयु): अमेरिकी इतिहास की सबसे बड़ी जीतों में से एक के अंतर से दोबारा राष्ट्रपति चुने जाते हैं।
बा ज़ी: दस-वर्षीय भाग्य चक्र: 乙未 (यी वेई); वार्षिक भाग्य: 丙子 (बिंग ज़ी)। इस वर्ष क्षेत्र: करियर और सामाजिक प्रतिष्ठा; अंक: 92 (समग्र: 66)।
जन्म-कुंडली के संकेत: 〔शुभ〕वार्षिक भाग्य की पृथ्वी शाखा 子 का महीने की शाखा 丑 से मेल बुनियाद को अधिक स्थिर और कामकाज को अधिक सहारा मिलने का संकेत माना जाता है।; 〔शुभ〕वार्षिक भाग्य के स्वर्गीय तना स्थान पर झेंग यिन दिखाई देता है। इसका रक्षक प्रभाव मददगार लोगों के मार्गदर्शन और सहयोग मिलने का संकेत माना जाता है।।
पाश्चात्य ज्योतिष: बृहस्पति का गोचर — राशि: धनु; भाव: 4; शनि का गोचर — राशि: मीन; भाव: 7।
जन्म-कुंडली के संकेत इस घटना की दिशा से मेल खाते हैं।
1940 (58 वर्ष की आयु): तीसरी बार राष्ट्रपति चुने जाते हैं।
बा ज़ी: दस-वर्षीय भाग्य चक्र: 乙未 (यी वेई); वार्षिक भाग्य: 庚辰 (गंग चेन)। इस वर्ष क्षेत्र: करियर और सामाजिक प्रतिष्ठा; अंक: 5 (समग्र: 52)।
जन्म-कुंडली के संकेत: 〔ध्यान दें〕वार्षिक भाग्य के स्वर्गीय तना स्थान पर शांग गुआन (अधिकारी शक्ति से टकराने वाला तत्त्व) आता है। झेंग गुआन से इसका विरोध वरिष्ठ लोगों के साथ मतभेद का संकेत माना जाता है।; 〔ध्यान दें〕दिन-स्वामी 己 की वार्षिक भाग्य शाखा 辰 में 'क्षय' अवस्था बनती है, जिसका अर्थ प्रभाव और शक्ति का धीरे-धीरे कमजोर पड़ना है।।
पाश्चात्य ज्योतिष: बृहस्पति का गोचर — राशि: वृषभ; भाव: 9, इसी दौरान “बृहस्पति की वापसी” होती है (लगभग हर 12 वर्ष में एक बार; परंपरा में इसे विस्तार और नए अवसरों की शुरुआत माना जाता है); शनि का गोचर — राशि: वृषभ; भाव: 9, इसी दौरान “शनि की वापसी” होती है (लगभग हर 29 वर्ष में एक बार; परंपरा में इसे परीक्षाओं और परिपक्वता से जुड़ा मोड़ माना जाता है)।
जन्म-कुंडली के संकेत इस घटना की दिशा से पूरी तरह मेल नहीं खाते—ज्योतिषीय व्याख्या सांस्कृतिक दृष्टिकोण से की गई तुलना है; जीवन के व्यक्तिगत निर्णय और उस समय की परिस्थितियाँ भी उतनी ही महत्त्वपूर्ण हैं।
1941 (59 वर्ष की आयु): जापान पर्ल हार्बर पर अचानक हमला करता है; अमेरिका जापान, जर्मनी और इटली के विरुद्ध युद्ध की घोषणा करता है।
बा ज़ी: दस-वर्षीय भाग्य चक्र: 乙未 (यी वेई); वार्षिक भाग्य: 辛巳 (शिन सी)। इस वर्ष क्षेत्र: करियर और सामाजिक प्रतिष्ठा; अंक: 93 (समग्र: 84)।
जन्म-कुंडली के संकेत: 〔शुभ〕वार्षिक भाग्य में विशाल द्वार (जू मेन) पर लाभकारी हुआ लू प्रभाव आता है और यह जन्मकुंडली के जीवन महल में प्रवेश करता है। इससे करियर और पेशेवर स्थिति के क्षेत्र में खुशी और लाभ के संकेत मिलते हैं।; 〔शुभ〕दिन-स्वामी 己 की वार्षिक भाग्य शाखा 巳 में 'चरम उत्कर्ष' अवस्था आती है; यह प्रभाव के शिखर और उपलब्धियों की ऊँचाई का प्रतीक है।।
पाश्चात्य ज्योतिष: बृहस्पति का गोचर — राशि: मिथुन; भाव: 10; शनि का गोचर — राशि: वृषभ; भाव: 9, इसी दौरान “शनि की वापसी” होती है (लगभग हर 29 वर्ष में एक बार; परंपरा में इसे परीक्षाओं और परिपक्वता से जुड़ा मोड़ माना जाता है)।
यह वर्ष जीवन में एक मोड़ का वर्ष था; जन्म-कुंडली में शुभ और अशुभ दोनों संकेत दिखाई देते हैं, जो घटनाओं के उतार-चढ़ाव से मेल खाते हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
फ्रैंकलिन डेलानो रूज़वेल्ट की बा ज़ी कुंडली क्या है?
Gauquelin डेटाबेस में दर्ज जन्म-समय (30/1/1882 20:45, हाइड पार्क, न्यूयॉर्क) के अनुसार बा ज़ी के चार स्तंभ हैं—वर्ष: 辛巳 (शिन सी), माह: 辛丑 (शिन चोउ), दिन: 己巳 (जी सी) और समय: 甲戌 (जिया शू)। दिन के स्वामी: 己 (जी) पृथ्वी; बल की स्थिति: प्रबल; अनुकूल तत्व: धातु, जल, काष्ठ।
फ्रैंकलिन डेलानो रूज़वेल्ट की ज़ी वेई डोउ शू कुंडली में जीवन भाव क्या है?
जीवन भाव 卯 (माओ) भाव में स्थित है; विवरण: जीवन महल में स्थित प्रमुख तारे: स्वर्गीय तंत्र (तियान जी), विशाल द्वार (जू मेन); पंचतत्व वर्ग: काष्ठ वर्ग 3। जन्म-वर्ष के चार रूपांतरण: तारा: विशाल द्वार (जू मेन); रूपांतरण: हुआ लू (समृद्धि रूपांतरण); जिस महल में प्रवेश होता है: जीवन, तारा: सूर्य (ताई यांग); रूपांतरण: हुआ छ्वान (अधिकार रूपांतरण); जिस महल में प्रवेश होता है: जीवनसाथी, तारा: कला तारा (वेन चू); रूपांतरण: हुआ के (प्रतिष्ठा रूपांतरण); जिस महल में प्रवेश होता है: भाई-बहन, तारा: साहित्य तारा (वेन चांग); रूपांतरण: हुआ जी (प्रतिकूल रूपांतरण); जिस महल में प्रवेश होता है: संतान।
फ्रैंकलिन डेलानो रूज़वेल्ट की सूर्य राशि और लग्न राशि क्या हैं?
सूर्य: कुंभ; चंद्रमा: कर्क; लग्न: कन्या।
क्या जन्म-कुंडली की ये व्याख्याएँ सटीक हैं?
यह पृष्ठ ज्योतिषीय परंपराओं की सांस्कृतिक तुलना और साझेदारी के लिए है। इसमें पहले से सार्वजनिक जीवन-घटनाओं को जन्म-कुंडली के साथ रखकर दिखाया जाता है कि पारंपरिक पद्धतियाँ उनकी व्याख्या कैसे करती हैं। ज्योतिष भविष्यवाणी नहीं है और हम किसी सटीकता-दर का दावा नहीं करते। कुछ वर्षों में कुंडली के संकेत घटनाओं से मेल खाते हैं, कुछ में नहीं; दोनों स्थितियों को यथार्थ रूप में प्रस्तुत किया जाता है।
सांस्कृतिक आदान-प्रदान संबंधी सूचना
शतायु भाग्य ग्रंथ ज्योतिषीय परंपराओं और मनोवैज्ञानिक परीक्षणों के माध्यम से सांस्कृतिक आदान-प्रदान का मंच है। इस पृष्ठ पर सार्वजनिक जीवन-घटनाओं को जन्म-कुंडली के साथ रखकर पूर्वी पद्धतियों और पाश्चात्य ज्योतिष की अलग-अलग व्याख्याएँ दिखाई जाती हैं। यह भविष्यवाणी नहीं है और इसका अर्थ यह भी नहीं कि ज्योतिष किसी व्यक्ति की उपलब्धियों या अनुभवों को समझा सकता है। जीवन-घटनाएँ केवल सार्वजनिक और सत्यापन योग्य स्रोतों से ली गई हैं; स्वास्थ्य-संबंधी विषय शामिल नहीं हैं।
जन्म-संबंधी आँकड़े: Open Gauquelin Database (CC BY-SA 4.0)। व्यक्ति और जीवन-घटनाओं के आँकड़े: Wikidata Q8007 (CC0) , विकिपीडिया, Wikipedia। कुंडली की गणना: शतायु भाग्य ग्रंथ इंजन; 1900 से पहले के चंद्र पंचांग की गणना का विस्तार खगोलीय गणनाओं से किया गया है। अंतिम अद्यतन: 2026-10-30।